दुर्भाग्यपूर्ण है कि ऐसी खबरें लगातार सुनने मिल रही है कि दर्जनों में हिंदू लड़कियों गाजर मूलीयों की तरह मुसलमानों की शिकार बन रही है और हम खबर देखकर अपराधियों को जेहादी बोलकर इतिश्री कर लेते है। हिंदू लड़कियां जिम जाएंगी वो भी मेल ट्रेनर से ट्रेनिंग लेंगी और ट्रेनर मुस्लिम होगा जो बादमें उनके जिस्म से अपनी हवस को प्यास बुझाएगा और वीडियो बनाकर उनके जिस्म को बार बात नोचेगा ... ना जाने कितने लोग नोचेंगे...। लेकिन क्या दोषी केवल मुस्लिम अपराधी है या....!!
क्या वो सड़ा हुआ कानून दोषी नहीं जा इन अपराधों को रोकने में पूरी तरह विफल है? क्या वह माता-पिता दोषी नहीं जो बराबरी और आजादी के नाम पर अपनी बेटियों को इस बुरी स्थिति में जाने दे रहे हैं? क्या वह मीडिया वाले, बॉलीवुड वाले और कथित नारी सशक्तिकरण वाले दोषी नहीं जो सशक्तिकरण के नाम पर बेटियों को इस स्थिति में पहुंचा रहे हैं? अरे मूर्ख हिंदुओं थोड़ी नैतिकता बची है या पूरी तरह जाहिल हो गए हो... भाड़ में गई ऐसी आजादी जिसका परिणाम बेटियों की अस्मिता को कई कई जेहादियों से लुटवाना पड़े.. शर्म करो!

