महाराष्ट्र के मुंबई में एक होटल में तंदूर बनाने का काम करते हुए कौसर गफ्फार शेख ने रोटियों पर थूका।शिकायत मिलने पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।इस घृणित कृत्य के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की जाती है।
थूक जहाज की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही है लेकिन इसे रोकने के लिए प्रशासन कोई कानून नहीं बना पाया है और कानून बना भी लेगा तो क्या ये रुक जाएंगे? प्रशासन को छोड़ो लेकिन मूर्ख सेक्यूलर आज या इस मानसिकता का बहिष्कार नहीं कर पाये और कहीं कहीं तो अपने आप को हिंदू दिखाने वाले भी इन जेहादियों का बहिष्कार नहीं कर रहे.... इनका समाधान किसी कानून में नहीं अपितु पूर्ण बहिष्कार में है लेकिन दुर्भाग्य के ये काम हिंदी समाज के बस का नहीं

