नेता विपक्ष राहुल गांधी की गैर जिम्मेदाराना हरकत!क्या राहुल गांधी असम और असम की संस्कृति से नफरत करते हैं?राष्ट्रपति के दो बार आग्रह करने के बाद भी राहुल गांधी ने असामी पटका नहीं पहना, बल्कि हाथ में मोड़कर रख लिया।राष्ट्रपति भवन में एक कार्यक्रम के दौरान महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने स्वागत करने के दौरान सभी को असम के एक पटका दिया।मल्लिकार्जुन खड़गे समेत अन्य नेताओं ने पटका गले में डाला जबकि राहुल गांधी ने पटके और राष्ट्रपति का अपमान करते हुए पटका हाथ में मोड़कर रख लिया।
गोल टोपी और गमछा डालकर खास वोट बैंक को खुश करने वाले 50+ के युवराज को नॉर्थ ईस्ट के लोगों की भावना से कोई मतलब नहीं? उनके वोट की इन्हें कोई आवश्यकता नहीं? क्या असम की संस्कृति का सम्मान इनके लिए कोई मायने नहीं रखती? खैर ये प्रश्न केवल पूछने के क्या है बाकी कांग्रेस का राष्ट्र के प्राई प्रेम और सम्मान सभी बखूबी जानते हां...🤷

