जब कोई गैर मुस्लिम अपनी यात्रा निकाले, त्योंहार मनाएं उनकी मदद कारण, पानी पिलाना या खाना खिलाना इस्लाम में हराम है। कुरान ए करीम के माध्यम से मुफ्ती का बयान... यह वीडियो उन हिंदुओं तक पहुंच जाना चाहिए जो इन कट्टरपंथी मुस्लिमों को अपना भाई मानते हैं। वैसे वीडियो देखिए फिर आगे पढ़िए ताकि आपको एक अंदर का सच भी समझा सकें
अब कुछ कम दिमाग के लोग कह सकते हैं कि जो लोग हिंदुओं की उनके त्योहारों पर मदद करते हैं, पानी पिलाते है, खाना खिलाते है वो तो अच्छे वाले है क्योंकि वो इस मुफ़्ती और इसके द्वारा बताई गई किताब की बात नहीं मान रहे.. लेकिन यहां भी आप सच नहीं समझ मुफ्ती ने कहा मदद करना हराम है उसने ये नहीं कहा के मदद के नाम पर "जेहादी एजेंडा" चलाना हराम है। जेहादी एजेंडे के लिए ये कुछ भी कर सकते है.. सब हलाल ही होगा और ये वो सब कर भी रहे है जैसी पक्की कब्र, मजार , आदि जो इनके मजहब में हराम है लेकिन .... ये वो सब करते है..क्योंकि ये उसके पीछे अपना मजहबी एजेंडे चलाते है.. और मूर्ख सेकुलर उसके फंसते है

