अपमान के बिना एक भी दिन इनके लिए व्यर्थ है', नवी मुंबई में एक जिहादी ने भगवान शंकर के लिए अपशब्दों का प्रयोग किया स्थानीय हिंदू एकत्रित हुए और उन्होंने उसे सही सबक सिखाया... हिंदुओं को मजबूरन अब ऐसा करना पड़ रहा है क्योंकि कानून इन हिंदू धर्मद्रोहियों को सबक नहीं सिखा पाता वो केवल तब एक्टिव होता है जब गौतम खट्टर, अजीत भारती जैसे लोगों पर कार्यवाही करनी हो
नीले, हरे ,लाल आतंकियों की हिम्मत इसलिए बढ़ती जा रही है क्योंकि उन्हें कानून का कोई डर नहीं, और हो भी कैसे जब कानून उनके विरुद्ध कोई कठोर कार्रवाई करता हो नहीं. काश मेरे देश का कानून निष्पक्ष होता और किसी भी धर्म के विरुद्ध अनर्गल प्रलाप करने वाले हर व्यक्ति पर उचित कार्यवाही करता तो ऐसी हरकतें नहीं होती और होती भी तो हिंदुओं को कानून हाथ में न लेना पड़ता

