वर्तमान में हम आधुनिक युग में जी रहे है जहां मानसिक तनाव भर भरकर है, असुरक्षा का भाव भरा पड़ा है , डॉक्टरों के बिना जीवन को कल्पना तक नहीं की जा सकती... क्या वाकई हम आगे बढ़ गए??
आगे नहीं हम बहुत पीछे हो गए है, हम पूरी तरह असुरक्षित हो चुके है, हम डॉक्टरों एवं व्यापारियों के गुलाम बन चुके है ....

