सब कुछ अमित शाह ही करेंगे तो हिन्दू क्या करेगा?
हिन्दुओं ने क्या जेहादियों का आर्थिक वहिष्कार किया?
आपसी एकता को मजबूत किया?अपने घर में हिन्दुत्व को मजबूत किया?
नियमित रुप से परिवार और आस पास के हिन्दुओं को मन्दिर ले गये?
गरीब हिन्द्रओं की हर तरह से मदद की क्या?उनको रामायण गीता हनुमान चालीसा आदि पुस्तकें उपलब्ध करवा के उनके ही घर में उनके साथ पूजा पाठ की?
अपने घर और आस पास की बहन बेटियों को लव जिहाद के लिये जागरुक किया क्या?
जाति परिवार से ऊपर उठ कर हर हालत में भाजपा को वोट देन के लिये कहा क्या?
अपने समाज में सुरक्षा के लिये आवश्यक चीजे की क्या?
कनर्वटिड मुसिलम और ईसाई के कम से कम एक परिवार के घर वापसी के कोई प्रयास किये क्या?
हम अपने हिस्से के काम तो करते नहीं प़र दूसरे को सलाह देने लगते हैं?
और सबसे आसान होता है सरकार को कोसना जिसमें खुद कोई महनत नहीं करनी पड़ती?
हिन्दुत्व के लिये करने का सबसे आसान काम होता है बिना जाति पारिबार की सोचे अपने परिवार और आस पास के लोगों का वोट सुनिश्चित करवाना
हम वो भी नही करते और लाख बहाने गढ लेने हैं
कुछ लोग तो इससे आगे बढ कर निजी स्वार्थ या घ्रणा के वशीभूत हा कर भाजपा जैसी पार्टी को वोट न देने की मुहिम चलाते है
हम मुसलमानों की अपने कौम की एकता और एक तरफा वोटिंग से कुछ नहीं सीखते और बार बार वही गलती दुहराते जाते है
भारत का इतिहास गवाह है कि किले के दरवाजे हमेशा अन्दर से खोले गये है
🛕🪷🌞🚩

