कामिनी... स्कूटी का मिस्त्री सोहेल...एक फैक्ट्री मालिक की बेटी कामिनी को अपने जाल में फंसाकार ले गया...मामला हरयाणा के यमुनानगर का है जहाँ एक फैक्ट्री मालिक की बेटी स्कूटी से ट्यूशन जाती थी, कभी हवा डलवाने कभी पंचर जुड़वाने या कभी कोई स्कूटी में खराबी होने पर वो सोहेल नाम के एक जिहादी की दुकान पर जाती थी...
सोहेल ने कामिनी को अपने जाल में फंसाया और उसे लेकर फुर्र हो गया...अब कामिनी का कहना है कि वो सोहेल को लेकर भागी है और सोहेल को कुछ हुआ तो मेरे बाप को फाँसी पर टांग देना क्यूंकि वहीँ जिम्मेदार होंगे...बाप फैक्ट्री बंद करके हज़ारों लोगों के साथ सड़क जाम करके बैठा है, जब ध्यान देने का वक्त था तब फैक्ट्री से फुर्सत नहीं थी...अब पछताए का होत.. जब चिड़ियाँ चुग गयीं खेत

