🇮🇳 ईरानी राष्ट्रपति पेजेश्कियन का हिंदू धर्मगुरु के प्रति सम्मान, पाकिस्तान में तीखी प्रतिक्रिया। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन के एक हिंदू धर्मगुरु के चरण स्पर्श करने का वीडियो BRICS शिखर सम्मेलन के दौरान चर्चा में आया है। रिपोर्ट के अनुसार, पेजेश्कियन ने धर्मगुरु के प्रति सम्मान प्रकट करते हुए चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया। भारत में इसे भारतीय संस्कृति की ‘बड़ों का सम्मान’ परंपरा से जोड़कर देखा जा रहा है।
यह घटना ऐसे समय हुई जब नई दिल्ली में 18वां BRICS शिखर सम्मेलन आयोजित हो रहा है, जिसमें पेजेश्कियन सहित रूस, चीन और अन्य प्रमुख देशों के नेता शामिल हुए। इस घटना के बाद पाकिस्तान के सोशल मीडिया और कुछ मीडिया वर्गों में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। कुछ पाकिस्तानी यूजर्स ने पेजेश्कियन को “मुनाफिक” कहकर निशाना बनाया और सवाल उठाया कि ऐसे नेताओं पर भरोसा कैसे किया जा सकता है। पाकिस्तान में कुछ लोगों ने इस व्यवहार को इस्लामी मूल्यों के विपरीत बताने की कोशिश की, जबकि भारत में इसे धार्मिक सहिष्णुता और सांस्कृतिक सम्मान के नजरिए से देखा गया।
बड़ी कूटनीतिक तस्वीर
* BRICS सम्मेलन में पेजेश्कियन की मौजूदगी केवल सांस्कृतिक घटनाओं तक सीमित नहीं रही। ईरान ने अन्य BRICS देशों के साथ मध्य-पूर्व में तनाव कम करने और कूटनीतिक समाधान की दिशा में संयुक्त घोषणा का समर्थन किया।
* प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति पेजेश्कियन के बीच भी BRICS सम्मेलन के दौरान द्विपक्षीय संबंधों, पश्चिम एशिया की स्थिति और बहुपक्षीय सहयोग पर बातचीत हुई।
* इसलिए चरण स्पर्श की घटना को केवल एक वायरल वीडियो के रूप में देखने के बजाय इसे भारत की सांस्कृतिक प्रभावशीलता और नई दिल्ली में आयोजित BRICS के व्यापक कूटनीतिक माहौल के संदर्भ में भी देखा जा सकता है।
*भारत में एक हिंदू धर्मगुरु के प्रति ईरानी राष्ट्रपति का सम्मान → पाकिस्तान में नाराजगी और सवाल।*
*BRICS के मंच पर भारत की कूटनीतिक और सांस्कृतिक भूमिका इस पूरे घटनाक्रम को और महत्वपूर्ण बनाती है।*

