देश का 47 टन सोना गिरवी रख के 100 करोड़ राजीव फाउंडेशन को देना फिर आगे जरूरत पड़ने पर 250 करोड़ और देने की घोषणा करना देश का कितना महान अर्थशास्त्र था.इसे कहते हैं अपने ही घर को जला के हाथ तापना..
निर्लज्ज कांडग्रेसी और चमचे मनमोहन मौन सिंह की तुलना निर्मला सीतारमण जी से करते हैं..यहीं नहीं 2013 में देश का 500 टन ऊपर का सोना 🥇 गिरवी रखने की तैयारी थी..ऐसे 2 - 4 और महान अर्थशास्त्री देश को मिल जाते तो भगवान ही मालिक था देश का..😂😂😅

